हेमंत बघेल
जांजगीर-चांपा। जिले के बलौदा थाना क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं का पुलिस ने त्वरित खुलासा करते हुए महज 24 घंटे के भीतर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सोने-चांदी के जेवर, बर्तन और नगदी सहित लगभग 3 लाख 70 हजार रुपये का सामान बरामद किया है।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार ग्राम हरदी महामाया निवासी प्रार्थी दाऊ राम साहू (82 वर्ष) ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 17 जनवरी 2026 को वह अपने घर में ताला लगाकर अपने बेटों के पास जमनीपाली (कोरबा) और बिलासपुर गए हुए थे। करीब एक माह बाद 27 फरवरी को जब वह घर लौटे तो देखा कि घर का सामान बिखरा हुआ था और अलमारी से चांदी का करधन, पायल, अंगूठी, सोने की फुली और 20 हजार रुपये नगद गायब थे। इस मामले में थाना बलौदा में अपराध क्रमांक 92/2026 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।

इसी प्रकार एक अन्य मामले में प्रार्थी आनंद मोहन पाण्डेय (27 वर्ष) निवासी न्यू चंदनियापारा जांजगीर ने शिकायत दर्ज कराई कि उनके ग्राम हरदी महामाया स्थित घर से अज्ञात चोरों ने सोने-चांदी के जेवर और 5 हजार रुपये नगद सहित लगभग 3 लाख रुपये की चोरी कर ली। इस मामले में अपराध क्रमांक 110/2026 दर्ज किया गया।
वहीं तीसरे मामले में प्रार्थी हरिओम साहू (48 वर्ष) निवासी हरदी महामाया ने बताया कि जब वह 10 मार्च को अपने घर पहुंचे तो घर का ताला टूटा हुआ था और अंदर रखा पीतल व कांसे के बर्तन चोरी हो चुके थे। इस संबंध में अपराध क्रमांक 111/2026 दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की।
चोरी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक विजय पाण्डेय के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार कश्यप के मार्गदर्शन में पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर संदेहियों को हिरासत में लिया।
पूछताछ में आरोपियों गणेश केवट उर्फ बुट्टी (24 वर्ष), रोशन बरेठ (18 वर्ष) और दिनेश बरेठ (20 वर्ष) निवासी हरदी महामाया ने अलग-अलग स्थानों पर चोरी करना स्वीकार कर लिया। आरोपियों के मेमोरेंडम कथन के आधार पर पुलिस ने चोरी के सोने-चांदी के जेवर, बर्तन और नगदी बरामद कर कुल 3.70 लाख रुपये का माल जब्त किया।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को 11 मार्च 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक मनोहर सिन्हा सहित थाना बलौदा स्टाफ के प्र.आर. गजाधर पाटनवार, नवीन सिंह, मुकेश यादव, आरक्षक रज्जू रात्रे, संतोष रात्रे, संदीप सोनंत, टिकेश्वर राठौर, प्रहलाद निर्मलकर, रोहित साहू, पुनेश्वर आजाद, लखेश विश्वकर्मा एवं महिला आरक्षक चन्द्रप्रभा शांतेय का सराहनीय योगदान रहा











